*फ़िरोज़ाबाद*
एम डी जैन इंटर कॉलेज में मनाई गई लौह पुरुष सरदार वल्लभ भाई पटेल की जयंती
*संवाददाता सायमा बौद्धिक भारत फिरोजाबाद*
सिरसागंज:- नगर के प्रतिष्ठित विद्यालय श्री एम डी जैन इंटर कॉलेज, सिरसागंज पर राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर विद्यालय के प्रधानाचार्य नीरज कुमार जैन एवं प्रवक्ताअश्वनी कुमार जैन ने लौह पुरुष सरदार वल्लभ भाई पटेल जी के चित्र पर माल्यार्पण करके नमन किया।नीरज कुमार जैन ने विद्यार्थियों को सरदार वल्लभ भाई पटेल के जीवन के विषय पर प्रकाश डालते हुए राष्ट्रीय एकता और अखंडता का पाठ पढ़ाया।
अश्वनी कुमार जैन ने सभी विद्यार्थियों को बताया कि सरदार पटेल का जन्म गुजरात के नडियाद में एक लेवा पटेल पाटीदार जाति में हुआ था।वे झवेरभाई पटेल एवं लाड़बा देवी की चौथी संतान थे। लन्दन जाकर उन्होंने बैरिस्टर की पढ़ाई की और वापस आकर अहमदाबाद में वकालत करने लगे। महात्मा गाँधी के विचारों से प्रेरित होकर उन्होंने भारत के स्वतंत्रता आंदोलन में भाग लिया। स्वतंत्रता आंदोलन में सरदार पटेल का सबसे बड़ा योगदान खेड़ा संघर्ष में हुआ। उन्होंने भारत के प्रथम उप-प्रधानमंत्री के रूप में कार्य किया। वे एक भारतीय अधिवक्ता और राजनेता थे, जो भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता और भारतीय गणराज्य के संस्थापक पिता थे। जिन्होंने स्वतंत्रता के लिए देश के संघर्ष में अग्रणी भूमिका निभाई और एक एकीकृत, स्वतंत्र राष्ट्र में अपनी एकीकरण का मार्गदर्शन किया। उनका देश के गृह मंत्री के रूप में उनकी प्रथम प्राथमिकता देसी रियासतों को भारत में मिलाना था। सरदार पटेल की महानतम देन थी 562 छोटी-बड़ी रियासतों का भारतीय संघ में विलीनीकरण करके भारतीय एकता का निर्माण करना। वे देश की एकता एवं अखंडता की समर्पण भावना के लिए आदर्श हैं। उनका देश की एकता एवं अखंडता में अविस्मरणीय योगदान है। उनका 75 वर्ष की उम्र में 15 दिसम्बर 1950 का बॉम्बे में आकस्मिक निधन हो गया। इस अवसर पर विद्यार्थियों के साथ डॉ नितिन मिश्र, विष्णुमणि, शिवकुमार, रामगोपाल, हरीशंकर, नितिन कुमार जैन,विपुल जैन, अमित कुमार जैन, श्रीमती सुकीर्ति चतुर्वेदी, सरिता जैन, अंजली जैन, पारुल कुशवाह, साक्षी आदि ने राष्ट्रीय एकता और अखंडता की शपथ ग्रहण की।




